हिन्दी गीत | प्रियंका द्विवेदी की खूबसूरत रचना

हिन्दी गीत

 
   
जमाने से कबके गुजर गए होते , 
जीने से पहले ही मर गए होते! 
मिले  नही   होते   ज़िन्दगी  में आपसे,
तो कबके  मोतियों जैसे टूट के बिखर गए होते ! 
  
 नयनों   के   नीर   से  पीर पवित्र हो जाये,
 स्वाति बूँद चातक के लिए इत्र हो जाये।
 आओ सीख लो प्रेम की परिभाषा प्रिये,
 यह संसार कृष्ण द्रौपदी सा मित्र हो जाये! 
  
 कैसे  कह   दू  के  अपना  बना लो मुझे,
 आकर  के  कही  से चुरा  लो मुझे! 
 बहुत  कठिनाई है जीवन  में प्रिये, 
 सरल रास्ता  तुम  बना  लो मुझे! 
  
 खुसबू  बन सांसो  में  उतर जायेंगे,
 शगुन  बन कर हर जगह छाएंगे।
 महसूस करने की कोशिश कीजिये ,
 हम आपके पास ही नजरआएंगे! 
  
 रूप मेरा   बेकाबू छलक जायेगा,
 श्रृंगार बेकाबू सा बहक जायेगा!
 क्यों  अंधेरे   में  डूबे  हो   प्रिये,
 कभी उँजाला का दीपक जरूर आयेगा! 
  
 मेहंदी और  महावर भी आज उदासे है,
 आँखों के काजल भी अभी प्यासे है! 
 तेरे बिन सब सूना-सूना घर आँगन है, 
 आओ जाओ प्रिय अब तो टूटती सांसे है! 
  
 विगत  वर्षों  से  चल  रहा मन में कुछ उन्माद,
 नही पूरी हो रही मनुष्यता की प्यास। 
 क्या   करूँ  मै   मंथन  इसका,
 जहाँ  बची   ही   नही   कोई आस! 
            
स्वरचित- प्रियंका द्विवेदी 
 मँझनपुर कौशाम्बी 
 
   

देशभक्ति कविता प्रतियोगिता, जी नागेश्वरी

असंख्य लोगों के त्याग और बलिदान के कारण 15अगस्त 1947 ई0 को भारत आजाद हुआ। ऐसे ही एक स्वतंत्रता सेनानी भारत के प्रथम राष्ट्रपति डॉ राजेन्द्र प्रसाद को याद करते हुए एक छोटी सी कविता सपर्पित करती हुँ।

हिन्दी कविता प्रतियोगिता की प्रतिभागी "जी नागेश्वरी "

15 अगस्त के उपलक्ष पर देशभक्ति कविता प्रतियोगिता चल रही है। जिसमे "जी नागेश्वरी" जी ने स्वरचित कविता "डॉ राजेन्द्र प्रसाद" के माध्यम से भाग लिया है।
अगर आप भी अपनी प्रतिभा दिखाना चाहते है तो आपका स्वागत है। ये प्रतियोगिता निशुल्क है। विजेताओं को इनाम और गिफ्ट दिए जाएंगे। भाग लेने के लिए नीचे दिए गए बटन पे क्लिक करें।

डॉ राजेन्द्र प्रसाद

पराधीनता के ज़ंजीरों से ,

किया भारत माता को आज़ाद ।

शीश झुकाकर करते रहेंगे सदैव याद,

उन अनगिनत योद्धाओं को जिसने दी अपनी क़ुर्बानी।

हैं एक योद्धा डॉक्टर राजेंद्र प्रसाद उनमें ,

लिया जन्म बिहार के सिवान ज़िले में,

थे बचपन से ही बुद्धिमान और होनहार,

मिली  स्वर्ण पदक शिक्षा के क्षेत्र में ।

होकर प्रेरित  बने गांधी के अनुयायी

छोड़ परिवार को बने देश के पुजारी।

सरलता,सादगी सा था उनका जीवन,

थे आज़ाद भारत के प्रथम राष्ट्रपति ।

दिया शिक्षा के विकास पर  जोर,

मिली उनकों भारत रत्न की उपाधि ।

गणतंत्र भारत का आकार,

थे देने में एक वास्तुकार।

लिया फैसला दिया इस्तीफ़ा पद को,

चले,जनसेवा में समर्पित करने को।

चुना पटना के सदाकत आश्राम,

और लिए अपना वहाँ साँस अंतिम।

फ़रवरी २८ ,१९६३ का दिन था,

 खोया भारत और बिहार एक अनमोल हीरा को।

चट्टान सदृश्य आदर्श सपुत था,

भारत के थे प्रतीक,शत शत नमन  हैं,उस वीर कों।

       🙏🏼जय हिन्द जय भारत 🙏🏼

 *स्वरचित  –   जी नागेश्वरी
उम्र (Age) – 60
पेशा  – सेवा निवृत शिक्षिका ( झारखण्ड, जमशेदपुर )

15 Aug online हिन्दी कविता प्रतियोगिता 2021

15 Aug के मौके पर Thriving Boost एक साथ दो कविता प्रतियोगिताएं आयोजित करने जा रहा है। प्रतियोगिताएं सभी के लिए खुली है। कोई आयु प्रतिबंध नहीं है।

15 Aug कविता प्रतियोगिताएं

15 Aug के मौके पर Thriving Boost एक साथ दो कविता प्रतियोगिताएं आयोजित करने जा रहा है। प्रतियोगिताएं सभी के लिए खुली है। कोई आयु प्रतिबंध नहीं है।

यह प्रतियोगिताएं 15 अगस्त जानी की “स्वतंत्रता दिवस” के उपलक्ष पर आयोजित की जा रही है। इस अवसर को प्रतिवर्ष मनाने से देश के युवाओं और बच्चों को इस महान राष्ट्र की एकता और अखंडता के महत्व के बारे में पता चलता है और सभी को समृद्ध और विविध विरासत के साथ संपन्न राष्ट्र पर गर्व करने का अवसर मिलता है।

कविता प्रतियोगिताएं इस प्रकार से हैं:

  1. ऑनलाइन कविता पाठन प्रतियोगिता।
  2. ऑनलाइन कविता लेखन प्रतियोगिता।

आपको नीचे दिए गए विषयों में से किसी एक विषय पर कविता लिखनी होगी और Thriving Boost को भेजनी होगी। इस तरह से आप कविता लेखन प्रतियोगिता में भाग ले सकते हो।

अगर आप कविता पाठन प्रतियोगिता में भाग लेना चाहते हो तो आपको अपनी लिखी हुई कविता का पाठन करते हुए हमे video भेजनी होगी। दोनों कविता प्रतियोगिताओं के विषय वही रहेंगे। प्रतिभागी किसी भी प्रतियोगिता में हिस्सा ले सकते है और एक ही कविता के साथ दोनों प्रतियोगिताओं में भी हिस्सा ले सकते है।  

विषय

  • स्वतंत्रता संग्राम।
  • भारतीय स्वतंत्रता संग्राम के योद्धा।
  • स्वतंत्रता दिवस मनाने का सही अर्थ क्या है?

दिशा निर्देश

  • यह प्रतियोगिता केवल हिंदी भाषा में ही है।
  • इस प्रतियोगिता के लिए कोई प्रवेश शुल्क नहीं है।
  • कविता से पहले 2-3 पंक्तियों में ये सुनिश्चित करें कि यह विषय से कैसे संबंधित है।
  • कविताओं में अश्लील भाषा या कोई अभद्र भाषा नहीं होनी चाहिए। ऐसी भाषा का प्रयोग आपको प्रतियोगिता से निष्कासित कर देगा। 
  • कविता आपकी अपनी कृति होनी चाहिए। किसी दूसरे की चुराई गई कविता को भी रद्द कर दिया जाएगा। 
  • कविता पाठन की Video और लिखित कविता भेजने की अंतिम तिथि 12 Aug 21 है। परिणाम 19 Aug 21 को घोषित किये जाएंगे।
  • ध्यान रहे Video में Background Music अनिवार्य नहीं है।
  • Video mobile या कैमरा को landscape रख कर बनाएं।
  • दोनों प्रतियोगिताओं में इस बार प्रतिभागियों को भी बेस्ट कविता चुनने के लिए वोट डालने का अवसर दिया जाएगा। ये वोटिंग 16 Aug को होगी। सभी प्रतिभागियों को 2 बेहतर कविताओं के लिए वोट करना होगा। जिसका लिंक आप के पास 15 Aug को पहुँच जाएगा। सभी प्रतिभागियों को वोटिंग करना अनिवार्य है।
  • प्रत्येक श्रेणी के परिणामों पर विचार करने के लिए न्यूनतम 20 प्रतिभागियों की आवश्यकता है। अन्यथा परिणाम घोषित नहीं किया जाएगा।

प्रतियोगिता के लिए कविता कैसे भेजें ?

कविता लेखन प्रतियोगिता के लिए आप अपनी कविता हमे हमें ईमेल, WhatsApp और नीचे दिए लिंक के माध्यम से भेज सकते है।

कविता पाठन प्रतियोगिता के लिए आप विडिओ WhatsApp और Email से भेज सकते हैं।

नोट : WhatsApp से अगर आप video को document के रूप मे और ईमेल से अगर zip file बना कर भेजोगे तो हम तक विडिओ की अच्छी quality पहुंचेगी।

ईनाम

आप के पास नि:शुल्क मौका है नकद 2000 रुपये तक इनामी राशी, gift और प्रमाण पत्र जीतने का! आप सभी अपनी कविता और कविता पाठन वाली video हमें भेज कर इन प्रतियोगिताओं का हिस्सा बन सकते है। विजेताओं के अलावा निर्णायक मण्डल 10 कविताएं चुनेगें जिन्हे Thriving Boost की बार्षिक पत्रिका में स्थान मिलेगा। दोनों प्रतियोगिताओं की Minimum इनामी राशी नीचे डिब्बे मे दी गई है। 100 से ज्यादा प्रतिभागी होने पर इनाम राशी बड़ा दी जाएगी।

हिन्दी कविता पाठन प्रतियोगिता इनाम हिन्दी कविता लेखन प्रतियोगिता इनाम
प्रथम 1000/- प्रथम 500/-
दूसरा 500/- दूसरा 250/-
तीसरा 250/- तीसरा 150/-
सभी प्रतिभागियों को ई-प्रमाण पत्र मिलेंगे।

जीत के मानदंड

कविता लेखन प्रतियोगिता

आपकी कविता पर Thriving Boost website पर कम से कम 20 Comments और 200 views  के होने पर ही कविता मानदंड के तहत आएगी। अधिक टिप्पणियां आपको अंतिम परिणाम में लाभान्वित कर सकती हैं।

काव्य तकनीक, प्रभावशीलता, शैली, रचनात्मकता और कुल कितने वोट मिले। ये जीत के मुख्य मानदंड है।

कविता पाठन प्रतियोगिता

आपकी video पर YouTube चैनल पर 16 Aug 2021 तक कम से कम 25 Comments  और 500 view होने पर ही कविता मानदंड के तहत आएगी। अधिक comments और views आपको अंतिम परिणाम में लाभान्वित कर सकती हैं।

काव्य पाठन तकनीक, प्रभावशीलता, शैली और रचनात्मकता और कुल वोट ये जीत के मुख्य मानदंड है।

YouTube पर 16 Aug 21 तक 3 सबसे ज्यादा views प्राप्त करने वाली 3 videos को Thriving Boost की तरफ से उपहार दिए जाएंगे (नोट: लेकिन views 1000 से ज्यादा होने चाहिए)। 

हमें क्या चाहिये?

1.     अगर आप कविता लेखन प्रतियोगिता में हिस्सा ले रहे हो तो आपकी लिखी हुई कविता। अगर कविता पाठन प्रतियोगिता में हिस्सा ले रहे हो तो कविता पाठन की Video. यदि आप दोनों प्रतियोगिताओं में हिस्सा ले रहे हो तो आपको दोनों भेजने होंगे।

2. आपकी व्यक्तिगत जानकारी जिसमें:

नाम(Name)

उम्र (Age)

पेशा(Your Profession)

डाक पता(Postal Address)

ईमेल आईडी(Email Id) या WhatsApp नंबर(Mobile No.)।

कॉपीराइट

प्रत्येक प्रविष्टि का कॉपीराइट लेखक और Thriving Boost के पास रहता है। थ्राइविंग बूस्ट के पास प्रविष्टियों को प्रकाशित करने का अधिकार है।

सभी विजेताओं को डाक मेल, ईमेल या टेलीफोन द्वारा सूचित किया जाएगा। सभी प्रविष्टियां, कवि/लेखक, उनके नाम और संक्षिप्त जीवनी संबंधी जानकारी Thriving Boost की वेबसाइट और YouTube चैनल पर प्रकाशित की जाएगी।

Father’s Day कविता प्रतियोगिता का “परिणाम”

आप ऐसे ही आगे आने वाली प्रतियोगिताओं मे भाग लेते रहें। Thriving Boost आपकी आपकी लग्न और प्रतिभा पर लगातार अवलोकन करता है।

Father’s Day कविता पाठन प्रतियोगिता

Father’s Day 2021 के उपलक्ष पर Thriving Boost ने एक online कविता पाठन प्रतियोगिता का आयोजन किया था। जिसको बहुत सराहा गया। कोरोना महामारी के इस काल में ये एक बहुत ही अच्छा तरीका था पिता दिवस को मनाने का और अपने दिल की बात को अपने पिता तक पहुंचाने का। हमारी पूरी टीम आप सब का तहे  दिल से धन्यवाद करती है। आप के सहयोग से ही ये प्रतियोगिता सफल हो पाई है। सभी प्रतिभागियों ने उम्दा प्रस्तुति पेश की है लेकिन ये निर्णायक मण्डल की मजबूरी है की उन्हे सिर्फ 3 को ही चुनना था। आप ऐसे ही आगे आने वाली प्रतियोगिताओं मे भाग लेते रहें। Thriving Boost आपकी आपकी लग्न और प्रतिभा पर लगातार अवलोकन करता है। आपको आगे मौका जरूर मिलेगा।

परिणाम

हम सभी प्रतिभागियों को भाग लेने और प्रतियोगिता को सफल बनाने के लिए बधाई देते हैं। प्रतियोगिता में इंतजार की घड़ियाँ अब समाप्त होती है, अब बारी है परिणाम की।

प्रतियोगिता” के विजेताओं की सूची नीचे देखें:

प्रथम स्थान प्राप्त किया है।

फूल सिंह  

हिन्दी कविता प्रतियोगिता

फूल सिंह

पता- शकरपुर, दिल्ली

व्यवसास- सहायक विभाग अफसर

शिक्षा- एम-ए (इतिहास), एम ए (प्रशासनिक)

प्रकाशित पुस्तक- जीवन दर्शन, वक्त और बदलते परिवेश, नारी एक प्रेरणा स्रोत, युगांतर आदि

दूसरा स्थान प्राप्त किया है

शालिनी शर्मा  

हिन्दी कविता प्रतियोगिता के प्रतिभागी

शालिनी शर्मा”स्वर्णिम”

पता – इटावा,उत्तर प्रदेश

उम्र-40 साल

पेशा- लेखन कार्य

तीसरा स्थान प्राप्त किया है।

सुनील कुमार

हिन्दी कविता प्रतियोगिता के प्रतिभागी

सुनील कुमार

उम्र – 39 वर्ष

शिक्षा- एम.एस-सी.,एम.एड.

व्यवसाय- अध्यापन

पता- बहराइच,उत्तर प्रदेश।

कविता जो Thriving Boost की वार्षिक पत्रिका के लिए चुनी गई है।

उपासना थापा

शाम्भवी टण्डन

शालिनी शर्मा

अनुज गुप्ता

सभी विजेताओं को बहुत बहुत बधाई और शुभकामनाएं।

हमारी टीम धन्यवाद करना चाहती है दो छोटी बालिकाओं शाम्भवी टण्डन  और Yatishree Raghuvanshi का जिन्होंने ग्रुप A में बहुत ही उम्दा प्रदर्शन किया है।

father's Day competitions
Yatishree Raghuvanshi
हिन्दी कविता प्रतियोगिता
शाम्भवी टण्डन

सिर्फ दो ही प्रतिभागी होने की बजह से हम ग्रुप A का परिणाम घोषित नहीं कर पाए। लेकिन हम दोनों छोटी बालिकाओं का अभिनंदन करते है उन्हे शुभकामनाएं देते है और उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना करते है।

प्रमाण पत्र

सभी प्रतिभागियों के प्रमाण पत्र अपलोड कर दिए गए है। आप नीचे दिए गए लिंक पर जा कर अपना प्रमाण पत्र download कर सकते हो।

Note : जिन प्रतिभागियों की कविताएं वार्षिक पत्रिका के लिए चुनी गई है कृपया अपनी कविता हिन्दी में टाइप करके Thriving Boost के official WhatsApp नंबर पर भेज दें।

संस्कृति – देश की पहचान | रौशन कुमार

रौशन जी की यह कविता भारत की युवा पीढ़ी की वास्तविकता पर चोट करती है, हो सकता है किसी मित्र को बुरा लगे तो मै क्षमा चाहूंगा , लेकिन जो सच है , उसे बयां करना भी जरूरी था।

शीर्षक -“संस्कृति – देश की पहचान”

जवां दिल और जवां मौसम संग

लूट गई आज जवानी भी

शर्मो- हया की बातें करना

अब लगता है बेमानी भी

पश्चिम के प्रभाव से भैया

कपड़े हो गए छोटे जी

थोड़ी सी हया भी बच जाती

गर जो घुंघट होते भी

सभ्य समाज की संकल्पना

कैसे बूढ़ा बाप करे

भरी सभा में गर बेटी ही

खुल्लम- खुल्ला नाच करे

ताका- झांकी में लगे रह कर

बिगड़े बाप के बेटे भी

बिक गई पुरखों के धरोहर

जेवर , मकान और खेतें भी

हरी – भरी दुनिया में लाकर

जिसने तुम्हे संवारा है

देव स्वरूप पूजन के बदले

तुमने उन्हें दुत्कारा है

मत भूल तुम उस  भारत के बेटे हो

जिसने दुनिया को ज्ञान दिया

तुम लड़ते हो भाई- भाई में

उसने दुश्मन को सम्मान दिया

ये भटकी हुई राहों की यारों

छोटा सा परिणाम है

छोटा सा परिणाम है

जो हो रहा अविराम है

निंदा नहीं भगिनी- बन्धु की

पर , उनसे ये अरमान है

अपनाओ सभ्यता – संस्कृति अपनी

क्यूंकि, संस्कृति ही देश की पहचान है

हिन्दी कविता प्रतियोगिता के प्रतिभागी

रौशन कुमार “प्रिय”

गांव – सोंधी,

पोस्ट – शरमा, जिला -लखीसराय, बिहार

पिता दिवस पर विशेष By Pratishtha Sharma

“पिता दिवस पर विशेष” कविता प्रस्तुत कर रही है “प्रतिष्ठा शर्मा” जी। पिता की भूमिका को क्या बखूबी वर्णित किया है।

पिता दिवस पर विशेष

जीवन की टेढ़ी – मेढ़ी पगडंडियों पर,

 जिसने चलना सिखाया है।

 काँटों पर खुद चलकर,

हर चुभन से मुझे बचाया है।

जिनके स्पर्श से सदैव,

एक सुकूं-सा दिल को होता है।

वो तब – तब मेरे समीप होते हैं,

जब – जब ये दिल रोता है।

जिनकी स्मृति अधरों पर,

अश्रुपूर्ण मुस्कान ला देती है।

एक ठंडी श्वास.. एक आस,

एक विश्वास जगा देती है।

हर रिश्ते से परे ये अह्सास करा देती है।

कि.. तू आज भी अपने पिता की ही बेटी है,

आज जो कुछ भी जीवन में पाया है,

वो सब उन्हीं का सिखाया है।

वो सशरीर भले ही साथ न हों,

लेकिन मुझपर..सदैव उनका साया है।

सब कुछ होते हुए भी हृदय में,

एक रिक्तता का अह्सास होता है।  

और कभी – कभी ‘ ये ‘ आभास होता है।

कि काश! काश,

अपने जीवन की माला में कुछ..

और मोती पिरोती कुछ…

और बचपन होता कुछ

और.. खुशियाँ होतीं

 ग़र आज ‘ वो ‘ साथ होते

तो.. कुछ और बात होती ।

दुनिया के 10 सबसे अमीर लोग । नवीनतम आँकड़े ।

दुनिया के शीर्ष 10 सबसे अमीर व्यक्ति

दुनिया के सबसे अमीर व्यक्तियों की सूची जो कि वित्तीय प्रदर्शन के आधार पर साल-दर-साल भिन्न हो सकती है। यहां पर हम 10 सबसे अमीर लोगों के बारे में कुछ दिलचस्प तथ्यों के साथ उनकी आय के बारें में बताएंगे। ये आँकड़े 17 जून 21 को Forbes की सूची के आधार पर है।

1. बर्नार्ड अरनॉल्ट और परिवार

वह LVMH Moët Hennessy Louis Vuitton के अध्यक्ष और सीईओ हैं। उनकी कुल संपत्ति $199.1 बिलियन है

बर्नार्ड अरनॉल्ट Louis Vuitton और Sephora सहित 70 प्रसिद्ध ब्रांडों की देखरेख कर है। वह LVMH Moët Hennessy Louis Vuitton के अध्यक्ष और सीईओ हैं। जो कि दुनिया की सबसे बड़ी लग्जरी गुड्स कंपनी है। जो दुनिया के कुछ सबसे बड़े ब्रांडों की मालिक है, जिनमें लुई वुइटन, हेनेसी, मार्क जैकब्स, सेफ़ोरा और कई अन्य शामिल हैं। वह एक फ्रेंच हैं और 72 साल के हैं। उनकी कुल संपत्ति $199.1 बिलियन है जो की धरती पर सबसे ज्यादा है।

जनवरी 2021 में, LVMH ने American jeweler Tiffany & Co का $15.8 बिलियन में अधिग्रहण किया, जिसे अब तक का सबसे बड़ा लक्ज़री ब्रांड अधिग्रहण माना जाता है। LVMH ने 2019 में लक्ज़री हॉस्पिटैलिटी ग्रुप, बेलमंड के लिए 3.2 बिलियन डॉलर खर्च किए, जो 46 होटलों, ट्रेनों और रिवर क्रूज़ का प्रबंधन करता है।

अरनॉल्ट के पांच बच्चों में से चार LVMH के लिए ही काम करते हैं: फ़्रेडरिक, डेल्फ़िन, एंटोनी और एलेक्ज़ेंडर।

2. जेफ बेजोस

196.9 बिलियन डॉलर की संपत्ति वाले जेफ बेजोस Amazon के संस्थापक और CEO हैं।

196.9 बिलियन डॉलर की संपत्ति वाले जेफ बेजोस Amazon के संस्थापक और CEO हैं। उन्होंने 1994 में अमेरिका के सिएटल में अपने गैरेज से Amazon की स्थापना की थी। वह एक एयरोस्पेस कंपनी द वाशिंगटन पोस्ट और ब्लू ओरिजिन के भी मालिक हैं। वह 57 साल के हैं और चार बच्चों के पिता हैं।

कोरोना महामारी के दौरान Amazon बहुत फला-फूला, 2020 में इनका राजस्व 38% बढ़कर 386 बिलियन डॉलर हो गया क्योंकि लोग घर पर रहे और ऑनलाइन खरीदारी की। अप्रैल 2020 में, बेजोस ने कहा कि वह फीड अमेरिका को 100 मिलियन डॉलर देंगे, जो एक गैर-लाभकारी संस्था है जो पूरे देश में फूड बैंक और फूड पैंट्री संचालित करती है। शादी के 25 साल बाद 2019 में उनका और उनकी पत्नी मैकेंजी का तलाक हो गया और उन्होंने अपनी अमेज़ॅन हिस्सेदारी का एक चौथाई हिस्सा उन्हें हस्तांतरित कर दिया। बेजोस द वाशिंगटन पोस्ट और ब्लू ओरिजिन के मालिक हैं, जो एक एयरोस्पेस कंपनी है जो व्यावसायिक उपयोग के लिए रॉकेट विकसित कर रही है।

3. एलोन मस्क

49 साल के इस शख्स की पूंजी 152.2 अरब डॉलर है। एलोन मस्क के पास इलेक्ट्रिक कार कंपनी टेस्ला मे 25 % की हिस्सेदारी है।

एलोन मस्क का जन्म और पालन-पोषण दक्षिण अफ्रीका में हुआ था। 17 साल की उम्र में, वह कनाडा में आकर बस गए। वह अमेरिका में पेन्सिलवेनिया विश्वविद्यालय में एक स्थानांतरण छात्र के रूप में रहे। वह इलेक्ट्रिक कार निर्माता कंपनी टेस्ला के 25% मालिक है। 49 साल के इस शख्स की पूंजी 152.2 अरब डॉलर है। एलोन मस्क इलेक्ट्रिक कार निर्माता टेस्ला के माध्यम से और अंतरिक्ष में रॉकेट निर्माता स्पेसएक्स के माध्यम से पृथ्वी पर परिवहन में क्रांति लाने के लिए काम कर रहे हैं।

4. बिल गेट्स

बिल 65 साल के है और इनकी कुल संपत्ति 126.2 अरब डॉलर है। ये यू.एस. में कृषि भूमि के सबसे बड़े मालिकों में से एक हैं।

बिल गेट्स ने हाल ही में मेलिंडा गेट्स से तलाक के लिए सुर्खियों में थे। बिल 65 साल के है और इनकी कुल संपत्ति 126.2 अरब डॉलर है। बिल गेट्स ने 1975 में पॉल एलन के साथ माइक्रोसॉफ्ट की सह-स्थापना की थी। गेट्स  ने कैनेडियन नेशनल रेलवे और ऑटोनेशन सहित दर्जनों कंपनियों में निवेश किया है, और यू.एस. में कृषि भूमि के सबसे बड़े मालिकों में से एक हैं। बिल एंड मेलिंडा गेट्स फाउंडेशन दुनिया की सबसे बड़ी निजी दान देने वाली संस्था है। आज तक, गेट्स ने गेट्स फाउंडेशन को $ 35.8 बिलियन राशी प्रदान की है।

5. मार्क जुकरबर्ग

फेसबुक के सह-संस्थापक, सीईओ और अध्यक्ष है। जुकरबर्ग की कुल संपत्ति 120 अरब डॉलर है।

फेसबुक के सह-संस्थापक, सीईओ और अध्यक्ष, मार्क जुकरबर्ग का सोशल नेटवर्क पर आधिपत्य हैं।  सोशल नेटवर्क आज संचार का एक तरीका बन गया है। जुकरबर्ग की कुल संपत्ति 120 अरब डॉलर है। मई 2012 में फेसबुक  के सार्वजनिक होने के बाद आज उनके पास फेसबुक में लगभग 15% हिस्सेदारी थी। मार्क जुकरबर्ग सबसे कम उम्र के अरबपति हैं। उन्होंने 19 साल की उम्र में हार्वर्ड में फेसबुक की शुरुआत की थी।

6. वारेन बफेट

बुफे 90 साल के हो चुके है, और इसकी कुल संपत्ति $107 बिलियन हैइन्होंने 14 साल की उम्र में अपना पहला टैक्स रिटर्न दाखिल किया था।

सबसे प्रसिद्ध निवेशक, वॉरेन बफेट ने 1944 में 14 साल की उम्र में अपना पहला टैक्स रिटर्न दाखिल किया था। वॉरेन बफेट अब तक के सबसे सफल निवेशकों में से एक हैं और उन्हें “ओमाहा के ओरेकल” के रूप में जाना जाता है। वह बर्कशायर हैथवे कंपनी चलाते हैं जो एक बहुराष्ट्रीय कंपनी समूह है। जिनमे बर्कशायर हैथवे, रेस्तरां श्रृंखला, डेयरी क्वीन और बैटरी निर्माता ड्यूरासेल सहित 60 से अधिक कंपनियां है। बुफे 90 साल के हो चुके है, और इसकी कुल संपत्ति $107 बिलियन है। 2010 में, उन्होंने और बिल गेट्स ने गिविंग प्लेज लॉन्च किया था, जिसमें अरबपतियों को अपनी संपत्ति का कम से कम आधा हिस्सा धर्मार्थ कार्यों के लिए दान करने के लिए कहा गया था।

7. लैरी पेज

लैरी पेज Google के एक अन्य सह-संस्थापक हैं। 48 साल के इस शख्स की संपत्ति की कीमत 105.9 अरब डॉलर है।

Google के एक अन्य सह-संस्थापक हैं। दिसंबर 2019 में, उन्होंने अल्फाबेट के सीईओ के रूप में पद छोड़ दिया जो कि Google की मूल कंपनी है। हालाँकि, वो एक शेयरधारक और बोर्ड के सदस्य बने रहे। 48 साल के इस शख्स की संपत्ति की कीमत 105.9 अरब डॉलर है।

उन्होंने प्रसिद्ध अंतरिक्ष अन्वेषण कंपनी प्लैनेटरी रिसोर्सेज में भी निवेश किया है, और साथ में “फ्लाइंग कार”, स्टार्टअप कंपनियों किट्टी हॉक और ओपनर को भी फंडिंग कर रहे हैं।

8. सर्गेई ब्रिन

सर्गेई ब्रिन भी गूगल की मूल कंपनी अल्फाबेट में एक शेयरधारक हैं। इनकी की संपत्ति 102.6 अरब डॉलर है।

सर्गेई ब्रिन भी गूगल की मूल कंपनी अल्फाबेट में एक शेयरधारक हैं। उन्होंने 1998 में लैरी पेज के साथ Google की सह-स्थापना की, जो 2004 में सार्वजनिक हुई और 2015 में अल्फाबेट बन गई। 47 साल के इस शख्स की संपत्ति 102.6 अरब डॉलर है। कथित तौर पर ब्रिन गरीबों की मदद के लिए 100 मिलियन डॉलर के हवाई पोत का निर्माण के लिए फंडिंग कर रहे है।

9. लैरी एलिसन

लैरी एलिसन की कुल संपत्ति $ 100.6 बिलियन हैउन्होंने 1977 में ओरेकल की सह-स्थापना की थी। ये 2018 से टेस्ला के बोर्ड में भी हैं

लैरी एलिसन की कुल संपत्ति $ 100.6 बिलियन है, जो उन्होंने ओरेकल से अर्जित की है।  जो एक सॉफ्टवेयर फर्म है, जिसकी उन्होंने 1977 में सह-स्थापना की थी। उन्होंने 2014 में कंपनी के सीईओ के रूप में पद छोड़ दिया और तब से वह बोर्ड के अध्यक्ष और मुख्य प्रौद्योगिकी सलाहकार के रूप में कार्य कर रहे हैं। एलिसन ने 2018 शुरुआत में टेस्ला के 3 मिलियन के शेयर खरीदे थे और दिसंबर 2018 से टेस्ला के बोर्ड में भी हैं।  उन्होंने लगभग पूरे हवाई द्वीप लानई को खरीद लिया हैं, वहां उन्होंने एक हाइड्रोपोनिक फार्म और एक लक्ज़री स्पा बनाया है।

10. फ्रेंकोइस बेटेनकोर्ट मेयर्स एंड फैमिली

फ्रेंकोइस बेटेनकोर्ट मेयर्स 93 अरब डॉलर की संपत्ति के साथ दुनिया की 10वीं सबसे अमीर और दुनिया की सबसे अमीर महिला हैं। फ्रेंकोइस बेटेनकोर्ट मेयर्स लोरियल के संस्थापक की पोती हैं। वह 67 वर्ष की हैं।

लोरियल – आपने इस ब्रांड का नाम तो सुना ही होगा। यह दुनिया की सबसे बड़ी कॉस्मेटिक कंपनी है। मैं लोरियल के बारे में क्यों बात कर रहा हूँ? क्योंकि फ्रेंकोइस बेटेनकोर्ट मेयर्स लोरियल के संस्थापक की पोती हैं। वह 93 अरब डॉलर की संपत्ति के साथ दुनिया की 10वीं सबसे अमीर और दुनिया की सबसे अमीर महिला हैं। वह 67 वर्ष की हैं। उनके और उनके परिवार के पास लोरियल के सभी शेयरों का लगभग 33% हिस्सा है। अप्रैल 2019 में लगी आग के बाद, लोरियल और बेटेनकोर्ट मेयर्स परिवार ने मिलकर नोट्रे डेम कैथेड्रल की मरम्मत के लिए 226 मिलियन डॉलर दान करने पर सहमति व्यक्त की।

हम इस सूची को समय समय पर Update करते रहते है, ताकि आपको सही जानकारी मिले।

पर्यावरण की गुहार | आभा सिंह की खूबसूरत रचना

कविता

पर्यावरण दिवस पर “आभा सिंह” की रचना “पर्यावरण की गुहार” में बहुत ही खूबसूरत तरीके से व्याख्यान किया है, कि प्रकृति मानव से क्या कहना चाहती है? हमे इसे आने वाली पीढ़ी के लिए बचाकर कर रखना है नहीं तो हमारी आने वाली नसलें इस प्रकृतिक सौन्दर्य को नहीं देख पायेंगी।

शीर्षक- पर्यावरण की गुहार

सुरभित -  मुखरित  पर्यावरण की  यही गुहार, 
सुन  लो  मानव  मेरी  पुकार... 
करो  ना  मुझपे  घातक   प्रहार, 
हरे - भरे  पेड़ पौधों  को  नष्ट  करके, 
मत  उजाड़ो मेरा  संसार... 
मैं  पृथ्वी का  जीवन दाता, 
मैं  ही  उसका  भाग्य- विधाता.. 
करने  हैं  मुझे  सब  जीवों  पर  उपकार, 
मत  करो  मेरे  पहाड़ो  पर  विस्फोटक  वार.. 
सुन्दर  सुरभित बाग और  बगीचे मेरे, 
हे  मानव! य़े  सब  काम  आयेंगे  तेरे.. 
मेरी  धरा  पर  पला  बढ़ा  तू, 
फिर  से  कर  ले  तू  विचार... 
कुछ  ना  बचेगा  अगर धरा  का आवरण छूटा,
और  मेरे  सब्र  का  बाँध  टूटा... 
मेरे  साथ  अगर  अन्याय  करोगे,
तो  न्याय  कहाँ  से  पाओगे.. 
सुरभित उपवन व  मुखरित  झरने, 
कहाँ  से  लाओगे.... 
आज़  लेकर  एक  नया  संकल्प,
करेंगे  वसुंधरा का  श्रृंगार..
देकर  नवजीवन  इस  पर्यावरण को,
कर  सकेंगे  सबका  उद्धार...
सुरभित - मुखरित पर्यावरण की  यही  गुहार.. 
सुन  लो  मानव  मेरी  पुकार..!!

स्वरचित-

आभा  सिंह

लखनऊ,उत्तर  प्रदेश

प्रकृति कितनी सुंदर | फूलेन्द्री जोशी की खूबसूरत रचना

पर्यावरण दिवस की आप सभी को शुभकामनाएं ।🙏🙏🙏। आज की मेरी कविता प्रकृति पर आधारित है। कृपया मुझे शब्दो की गलतियो पर क्षमा कीजिए।

प्रकृति कितनी सुंदर

पर्यावरण दिवस पर “फूलेन्द्री जोशी” की रचना “प्रकृति कितनी सुंदर है” में बहुत ही खूबसूरत तरीके से प्रकृति का व्याख्यान करती है। लेकिन मानव ने किस तरह से इसका सर्वनाश कर दिया है। हमे इसे आने वाली पीढ़ी के लिए बचाकर कर रखना है और उसके लिए भी हमे क्या करना है? कवि फूलेन्द्री जोशी जी ने अपनी इन पंक्तियों मे बताने की कोशिश की है।

प्रकृति की लीला भी न्यारी है। 
जो कितनी सुंदर और प्यारी है। 
कही पहाड़ कही नदियां है। 
कही बर्फ झरने की खूबसुरत वांदियांहै। 
कही विशाल मैदान तो कही सागर है। 
कही सूखा रेत तो कही घने वृक्षो के नागर हैं। 
कही  हवा की शीतलता,तो कही घनघोर बौचार है। 
कही शांत एकांत वातावरण, तो कही वातावरण का कोलाहल है। 
स्वर्ग जैसी लगती है ये  धरती सारी है। 
प्रकृति की लीला भी न्यारी है। 
पर मानव ने प्रकृति को उजाड़ जो दिया है। 
ऐसा लगता है प्रकृति का चिरहरण हुआ है। 
अगर मानव पर्यावरण पर प्रदूषण ना फैलाये, 
सारे मिलकर प्रकृति की सौंदर्यता को बचाये। 
हम मिलकर ये संकल्प करे की पेड़ पौधे खूब लगाये।
प्रकृति के प्रति जो हमारा फर्ज है। हम उसे निभाये। 
तभी तो प्रकृति की रक्षा करने की जिम्मेदारी  हमारी है। 
प्रकृति की लीला भी न्यारी है। 
कितनी सुंदर और प्यारी है।

फूलेन्द्री जोशी तितिरगांव(जगदलपुर)। जिला_बस्तर(छ. ग.)

Father’s Day कविता प्रतियोगिता के प्रतिभागी।

इस प्रतियोगिता का उद्देश्य जीवन में पिता के महत्व को उजागर करना है।  एक पिता होना चुनौती पूर्ण हो सकता है, लेकिन उससे भी चुनौती भरा होता है, अपने जीवन में पिता को यह बताना कि वह उनकी जिंदगी में कितने महत्वपूर्ण है। हमारे जीवन में पिता के महत्व को वर्णित कर पाने के लिए  सही शब्द ढूँढना और भी ज्यादा मुश्किल हो सकता है। लेकिन हमारे सभी प्रतिभागियों ने ये कार्य बखूबी निभाया है। 

फादर्स डे, कविता पाठन प्रतियोगिता के प्रतिभागी।

Age Group: 10 से 17 साल (Group A).

Age Group: 17 साल से ऊपर (Group B)